ग़ज़ल
आज मुझसे बोल बादल
आज मुझसे बोल, बादल!
तम भरा तू, तम भरा मैं,ग़म भरा तू, ग़म भरा मैं,आज तू अपने हृदय से हृदय मेरा तोल, बादलआज मुझसे बोल, बादल!
आग तुझमें, आग मुझमें,राग तुझमें, राग मुझमें,आ मिलें हम आज अपने द्वार उर के खोल, बादलआज मुझसे बोल, बादल!
भेद यह मत देख दो पल-क्षार जल मैं, तू मधुर जल,व्यर्थ मेरे अश्रु, तेरी बूंद है अनमोल, बादलआज मुझसे बोल, बादल!
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