Other सिया राम मय सब जग जानी गोस्वामी तुलसीदास · सब कलाम देखें हिन्दी रोमन आकर चारि लाख चौरासी।जाति जीव जल थल नभ बासी॥सीय राममय सब जग जानी।करउँ प्रनाम जोरि जुग पानी॥