ग़ज़ल आदतन तुम ने कर दिये वादे गुलज़ार · सब कलाम देखें हिन्दी रोमन आदतन तुम ने कर दिये वादेआदतन हम ने ऐतबार कियातेरी राहों में हर बार रुक करहम ने अपना ही इन्तज़ार कियाअब ना माँगेंगे जिन्दगी या रबये गुनाह हम ने एक बार किया पाठ सत्यापित · Text verified against Kavita Kosh